आसान नहीं होगा तालिबान के लिए अफगानिस्तान पर राज करना

0
25

अफगानिस्तान पर कब्ज़ा करने के बाद कल पहली बार तालिबान ने प्रेस कांफ्रेंस कर अपनी बात कही । तालिबान ने सीधे तौर पर कहा है की वह किसी भी आम नागरिक और विदेशी नागरिक को नुकसान नहीं पहुचायेगा और न ही अफगान स्थित दूतावासों को नुक्सान पहुचायेगा । प्राइवेट प्रेस को स्वतंत्रता दी जायेगी परन्तु उन्हें अफगानिस्तान की गरिमा बनाई रखनी होगी । महिलाओं पर बात करते हुए तालिबान ने कहा की उन्हें कुछ नियमों के साथ छूट दी जायेगी । स्कूलों में वे काम कर सकेंगी दूसरे क्षेत्रों में काम करने को लेकर तालिबान ने घुमा फिर के उत्तर देते हुए कहा की जब तालिबान सर्कार बना लेगी तो बता दिया जाएगा की क्या होगा क्या नहीं । भले ही तालिबान ने अफगानिस्तान पर कब्ज़ा कर लिया है पर अफगानिस्तान पर हुकुट कर पाना तालिबान के लिए मुश्किल खरा कर सकता है । दरअसल IMF के प्रवक्‍ता गैरी राइस ने इस संबंध में एक ट्वीट कर जानकारी दी की अंतरराष्‍ट्रीय मुद्रा कोष यानी International Monetary Fund या IMF ने तालिबान के कब्‍जे के बाद अफगानिस्‍तान को सभी वित्‍तीय मदद रोक दी है। ट्वीट में उन्होंने कहा की ‘जैसा कि हमेशा से होता है.

IMF अंतरराष्‍ट्रीय समुदाय के विचारों से संचालित होता है. अफगानिस्‍तान की सरकार के संबंध में इस समय अंतरराष्‍ट्रीय समुदाय में स्‍पष्‍टता की कमी है. इसके परिणामस्‍वरूप यह देश SDR या IMF के अन्‍य संसाधनों तक नहीं पहुंच सकता. इसके अलावे तालिबान के लिए एक मुश्किल और भी है दरअसल अफगानिस्तान के केंद्रीय बैंक के प्रमुख ने बुधवार को कहा कि कब्जे के बावजूद तालिबान के पास देश की अधिकांश नकदी और सोने के स्टाॅक तक पहुंच नहीं होगी. द अफगानिस्तान बैंक के गवर्नर अजमल अहमदी ने ट्विटर पर कहा कि बैंक के पास करीब 9 अरब डाॅलर का भंडार था, लेकिन इसका ज्यादातर हिस्सा विदेशी बैंकों में हैं, जो कि तालिबान की पहुंच से दूर है. जिससे तालिबान की मुश्किलें बढ़ जाएंगी हालाँकि तालिबान के लिए फंडिंग की कमी नहीं है जो देश उसे सपोर्ट करते हैं वो फंडिंग भी कर सकते हैं । तालिबान का अफगानी मुद्रा को ले कर अगला कदम क्या होगा यह देखना होगा । बहरहाल आज के हलचल में इतना ही देखते रहें टीडी न्यूज़ .